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बुधवार, 26 दिसंबर 2018

chini khane ke nuksan/चीनी खाने के नुकसान

चीनी खाने से होने वाले नुकसान


अगर आप चीनी खाते है तो आप को सावधान हो जाना चाहिए,क्यो की चीनी में शरीर को काम आने वाला एक भी पोषक तत्व नहीं होता है । चीनी का मीठापन शुक्रोज के कारण होता है जो कि शरीर मे हजम नही होता । बहुत मुश्किल से होता है , जिसके साथ इसे आप खाओगे उसे भी ये हजम नही होने देता ।



जो मीठापन हमारे काम का है उसका नाम है फ्रक्ट्रोस । चीनी को छोड़ कर प्राकृति द्वारा बनाई गयी हर मीठी चीज में फ्रक्ट्रोस होता है । सभी फॉलो में मीठापन फ्रक्ट्रोस के कारण होता है ।

भारत मे चीनी का आगमन 


भारत मे चीनी तभी से आयी जब से अंग्रेज आये ,1868 में सबसे पहले भारत चीनी मिल लगी जो अंग्रेजो द्वारा लगायी गयी गयी थी ।

चीनी बनाने की बिधि


गन्नो को साफ कर के उनका रस निकाला जाता है , और उसमें चूना मिलाया जाता है व इस प्रक्रिया द्वारा उतपन्न मैल को अलग कर रस को गाढ़ा करके सेंट्रिफूज द्वारा और मैल निकल जाता है । साफ रस में सल्फर डाई आक्साइड, फास्फोरिक एसिड आदि मिला कर रिफाइंड किया जाता है । 
अंत मे मटमैले रंग को साफ करने के लिए उसे जानवरो की हड्डियों से बने कोयले द्वारा सफेद किया जाता है 
इस प्रक्रिया द्वारा गन्ने के रस में स्थित सारे विटामिन्स , (थायमिन, रिबोफ्लेविन,नायसिन, फौलिक) मिनरल्स (कैल्सियम,फास्फोरस,मैगशियम,सोडियम) व फाइटोन्यूट्रियंट्स आदि निकाल दिए जाते है , चीनी में सिर्फ ग्लूकोज अर्थात कैलोरीज ही बचती है ।

चीनी के घातक परिणाम


1 - चीनी स्वयं के मेटाबोलिज्म (पाचन) के लिए हमारी हड्डियों, मसल्स व टिशूज आदि की गहराई में स्थित कैल्शियम,मैग्नीशियम, सोडियम , व पोटैशियम आदि को खींचकर निकाल लेता है व ऑस्टियोपोरेसिस,दांतो की बीमारी व जोड़ो का दर्द आदि को जन्म देता है।

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2- चीनी हमारे रक्त को बहुत गाढ़ा व चिपकने वाला बना देती है जिससे खास करके हृदय व मस्तिष्क की सूक्ष्म रक्त वाहिनियों से यह गाढ़ा व चिपकने वाला रक्त हृदय व मस्तिष्क के अनेक भागों में पहुच नही पाता व परिणामस्वरूप हार्ट अटैक, ब्रेन हैमरेज , पैरालाइसिस जैसी कई बीमारियां उत्पन्न हो जाती है । 

3 - रक्त में चीनी (ग्लूकोज) की मात्रा सामान्य से अधिक होने पर यह ग्लोकोज कोशिकाओं के प्रोटीन को चिपक कर कोशिकाओं की क्रियाओं को बिगाड़ देता है , परिणामस्वरूप गुर्दे की बीमारी व आंखों की बीमारियां आदि पैदा हो जाती है।

4 - रक्त में चीनी (ग्लूकोज) की मात्रा सामान्य से अधिक होने पर जब किशिकाएँ मरती है तो किशिकाओ के DNA RNA का रूपांतर Purines में हो जाता है व purines से यूरिक एसिड उतपन्न होता है। यह यूरिक एसिड Nitric oxide की मात्रा को घटा देता है व Angiotensin नामक हारमोन्स की मात्रा बढ़ा देता है जिसके कारण रक्त नलिकाओं के Smooth muscle cells सिकुड़ जाते है , जिससे रक्त चाप बढ़ जाता है व गुर्दे खराब होना शुरू हो जाते है ।

5 - यूरिक एसिड के कारण हृदय रोग , उच्च रक्त चाप , हाइपर टेंशन, मोटापा , stroke व गुर्दे आदि की बीमारी पैदा होने की संभावना बढ़ जाती है ।

6 - चीनी जब हमारी आंतो में पहुचती है तो वह विटामिन बी-काम्प्लेक्स पैदा करने वाले जीवाणुओ को मार डालती है। विटामिन बी-काम्प्लेक्स की कमी के कारण Glutamic acid  नही बनाता व  Glutamic acid की कमी के कारण इन्सुलिन कम बनने लगता है व इन्सुलिन की कमी के कारण रक्त में चीनी (ग्लूकोज) की मात्रा बढ़ जाती है और इस प्रकार एक चक्र बन जाता है जो मधुमेय को जन्म देता है । परिणामस्वरूप बच्चो में गुनाह करने की प्रवृति अल्प काल के लिए याददाश्त में कमी , Numerical calculator abilities में कमी आदि पैदा हो जाती है।

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7 - चीनी हर मिनरल (कैल्शियम, फॉस्फोरस, आयरन , पोटैशियम, आदि) खास करके कैल्शियम , आयरन व फास्फोरस के मेटाबॉलिज्म को बिगाड़ देती है । जिससे कैल्शियम , शरीर मे कही भी जमा होने लगता है और जब वह पित्ताशय में जमा होता है तो कोलेस्ट्रॉल के साथ मिल कर पित्ताशय की पथरी बना देता है ।

8 - चीनी में केवल कैलोरीज ग्लूकोज ही पाया जाता है ।चीनी में न तो फाइबर , न प्रोटीन मिनरल , न ही फैट पाया जाता है।
जिसके कारण चीनी बहुत सी बीमारिया पैदा कर देती है ।

9 - चीनी (शक्कर) कोलेस्ट्रॉल, तनाव चिंता आदि को बढ़ा देता है ।

10 - चीनी ( शक्कर बच्चो में Hyperactivity, मस्तिष्क को केंद्रित न कर पाना , उत्साह में कमी हो जाना आदि बीमारियाँ पैदा कर देती है ।

11 - आगर आप चीनी का सेवन अधिक मात्रा में कर रहे ,तो आप के Growth hormone कम हो जायेगे और बुढापा जल्दी आयेगा ।

12 - अगर बच्चे ज्यादा चीनी का सेवन करते है तो उन्हें Eczema हो जाता है ।

13 - चीनी अधिक मात्रा में खाने से आप के पाचन तंत्र में एलर्जी पैदा हो जाती है ।

14 - जो मजदूर चीनी मिलो में काम करते है , उनके हाथों में Eczema हो जाता है ।

15 -  जो व्यक्ति हृदय रोग, रक्त की खराबी , बार - बार पेशाब लगाना , खून की कमी , कैंसर आदि बीमारियों से पीड़ित है वे शक्कर ( चीनी ) का उपयोग करना तुरंत बंद कर दे ।

दोस्तो अगर आप को स्वथ्य रहना है तो आप चीनी खाना बिल्कुल छोड़ दीजिए ,अगर मीठा खाना पसंद करते है तो चीनी के जगह पर आज से गुड़ खाना सुरू कर दीजिए । क्योको की गुड़ से आप के शरीर के लिये कोई समस्या उत्पन्न नही होगी बल्कि गुड़ आप के शरीर से बहुत सारी समस्याओं को दूर कर देगा ।








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